पूर्वी निगम में बह चली है भ्रष्टाचार की हवा : मनोज कुमार त्यागी

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नई दिल्ली, 10 सितंबर (वेब वार्ता)। पूर्वी दिल्ली नगर निगम के नेता विपक्ष मनोज कुमार त्यागी ने शुक्रवार को आयोजित एक प्रैस वार्ता में कहा कि पूर्वी निगम में भ्रष्टाचार की हवा सी बह चली है, जिसमें नये-नये भ्रष्टाचार निकलकर प्रति दिन बाहर आ रहे हैं। भ्रष्टाचार की फेहरिस्त में पूर्वी निगम का क्वालिटी कंट्रोल विभाग भी शामिल है।

नेता विपक्ष ने कहा कि निगम पॉलिसी के अनुसार सेवा निवृत्त अधिकारी से निगम में अनुबंध के आधार पर सेवाएं ली जाती है तो उन्हें किसी विशेष योजना में सलाहकार के पद पर नियुक्त की जाती है। परन्तु, अनुबंध आधार पर निगम में कार्यरत सहायक अभियन्ता ए.ए.खान की सेवा निवृत्ति के बाद पुनः क्वालिटी कंट्रोल विभाग जैसे संवेदनषील विभाग में लगाया गया है जहां सड़कों, भवनों एवं गलियों के निर्माण के क्वालिटी की जांच की जिम्मेदारी होती है ऐसे संवेदनषील विभाग में ए.एच.खान की ड्यूटी लगायी गयी है जिसमें आम नागरिकों के सुरक्षा से जुड़ा मामला होता है अगर कोई भवन खराब सामग्री की वजह से गिरती है जिसमें जानमाल का काफी नुकसन होता है ऐसे संवेदनषील विभाग में ए एच खान को क्वालिटी कंट्रोल विभाग में तैनाती पूर्वी दिल्ली की जनता के साथ खिलवाड़ के समान है।

नेता विपक्ष ने कहा कि कोई भी अधिकारी निगम से सेवा निवृत्त होने के बाद वित्त से जुड़े मामलों पर हस्ताक्षर के लिए अधिकृत नहीं होते हैं एवं वित्त से जुड़े किसी भी मामले में पुनः उसी पद पर नहीं लगाया जा सकता है। लेकिन भाजपा नेताओं के नजदीकी के कारण ए.एच.खान को अनुबंधित आधार पर सेवा निवृत्ति के बाद उसी विभाग एवं पद पर तैनात किया गया है ताकि भाजपा के नेताओं के रिष्तेदारों एवं कार्यकर्ता का पेमेन्ट आसानी से पास करवाया जा सके। इस प्रकार से भाजपा शासित पूर्वी निगम में भ्रष्टाचार को बढ़ावा दिया जा रहा है। नेता विपक्ष ने कहा कि ऐसे व्यक्ति को तुरन्त संवेदनशील विभाग से स्थानानतरण किया जाना चाहिए।

नेता विपक्ष ने कहा कि जब भी सड़को, गलियों एवं भवनों के निर्माण का सैम्पल उठाया जाता है तब ए एच खान के हस्ताक्षर होते हैं और अंतिम रिपोर्ट (फाईनल रिपोर्ट) पर भी इन्हीं का हस्ताक्षर होता है उसके बाद ही ठेकेदारों के पेमेन्ट का भुगतान होता है जो भ्रष्टाचार का जीताजागता उदाहरण है जिसकी जांच होनी चाहिए। नेता विपक्ष ने 165 पुलियों के निर्माण का भी जिक्र किया जिसमें करोड़ो रूपये के भ्रष्टाचार का मामला सामने आया है। इस मामलें को स्थायी समिति की सदस्या मोहिनी जीनवाल ने भी स्थायी समिति की बैठक में मामले को उठाया है। इसमें लगभग 4 करोड़ रूपये का भ्रष्टाचार हुआ है। इस मामले को पूर्वी निगम में काबिज भाजपा के निगम पार्शदों ने भी मामले को उठाया था लेकिन ऐसा लगता है कि उनकी आपस में कोई सांठगांठ हो गयी थी जिसकी वजह से उन्होंने उस विशय पर चुप्पी साध ली और दोशियों पर कोई कार्यवाही नहीं हुई। इस प्रकार के कई और मामले हैं जो सिर्फ कागजों में बने और कागजों तक सिमटकर रह गयी है। जनता की खून पसीने की कमाई का भाजपा दुरूपयोग कर रही है। नेता विपक्ष ने मीडिया के माध्यम से मांग की कि इस भ्रष्टाचार पर तुरन्त संज्ञान लेना चाहिए और दोशियों के खिलाफ सख्त कार्यवाही होनी चाहिए एवं ए एच खान को तुरन्त क्वालिटी कंट्रोल विभाग से स्थानान्तरण किया जाना चाहिए।

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