पूर्व विधायक मदन गोविन्द राव ने रेलवे मामलों की स्थायी संसदीय समिति के समक्ष कुशीनगर में रेल सुविधाएँ बढ़ाने की किया मांग

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कुशीनगर, 08 सितंबर। उत्तर प्रदेश के कुशीनगर में पूर्व विधायक मदन गोविन्द राव ने वर्षों से ठप पड़ी महत्वपूर्ण छितौनी-तमकुही रेल मार्ग परियोजना को सामरिक दृष्टि से जल्द से जल्द पूर्ण कराने के लिए संसदीय समिति का ध्यान आकर्षित कराया है गोरखपुर-थावें रेलखण्ड की हो रही उपेक्षा तथा इस रूट पर ट्रेन सुविधाओं में बढ़ोतरी की मांग किया है। पूर्व विधायक मदन गोविन्द राव ने कुशीनगर जनपद में आए रेलवे मामलों की स्थायी संसदीय समिति के समक्ष जनपद की रेल खंडों पर यात्रा करने वाले यात्रियों की सुविधा बढ़ाने हेतु सार्थक प्रयास किये जाने की मांग किया है। पूर्व विधायक ने रेलवे की स्टैडिंग कमेटी के चेयरमैन राधामोहन सिंह को दिये गये ज्ञापन में कहा है कि केन्द्र सरकार द्वारा ऐतिहासिक बौद्ध स्थल कुशीनगर को रेल मार्ग से जोड़ने का संकल्प लिया था,लेकिन अभी तक सम्भव नहीं हो पाया है, कुशीनगर को रेल मार्ग से जोड़ने का कार्य व्यवसायिक एवं पर्यटन की दृष्टि से सामयिक एवं लाभकारी होगा। कुशीनगर जनपद में पनियहवा-छितौनी-तमकुही रेल लाईन बनाने का पूर्व में निर्णय हुआ था,काफी ज़मीन का अधिग्रहण भी हो चुका है लेकिन वर्तमान समय में कार्य ठप है,उक्त रेल लाईन के निर्माण एवं ट्रेन संचालन से इस अति पिछड़े क्षेत्र का तेज विकास,बड़ी गण्डक के बाढ़ से सुरक्षा तथा आपात स्थिति में भारत-चीन एवं नेपाल सीमा के समानान्तर आवागमन की अतिरिक्त सुविधा देश को उपलब्ध हो सकती है। पूर्व विधायक ने सामरिक दृष्टि से भी रेल मार्ग का निर्माण कराये जाने को उचित बताया। पूर्व विधायक ने बताया की गोरखपुर-नरकटियागंज रेल खण्ड पर दिन में पैसेंजर गाड़ियों का अभाव है। जिसके कारण चिकित्सा, व्यवसाय एवं शिक्षा क्षेत्र से सम्बंधित लोगों को गंभीर दिक़्क़त का सामना करना पड़ रहा है अतएव दिन में कम से कम दो जोड़ी पैसेंजर ट्रेन का संचालन कराया जाय। गोरखपुर-थावें-सीवान खण्ड पर एक पैसेंजर ट्रेन जो सुबह दश बजे या ग्यारह बजे गोरखपुर पहुँचे तथा अपराह्न चार या पाँच बजे वापस लौटे जिससे दैनिक यात्रा करने वाले छात्रों,व्यवसायीयो एवं मरीज़ों की दिक़्क़त दूर की जा सकती हैं। गाड़ी संख्या-05114 छपरा-गोमतीनगर का रामकोला में ठहराव आवश्यक करने की मांग किया। रामकोला उपनगर में चीनी मिल एवं प्रसिद्ध सनातन विश्व दर्शन मन्दिर है। जहां साल भर हज़ारों की तादाद में दूर दूर से लोग आते जाते हैं। ट्रेन ना रूकने से उन्हें असुविधा का सामना करना पड़ता है।  गोरखपुर-थावें-सीवान रेल खंड पर अभी तक लंबी दूरी की गाड़ियों का संचालन प्रारंभ नहीं हो पाया है। छपरा-गोमती नगर एवं पाटलीपुत्र-गोरखपुर मात्र दो गाड़ियां ही छपरा-लखनऊ एवं पाटलिपुत्र-गोरखपुर को जोड़ती है। यदि बांद्रा (अवध एक्सप्रेस) को जो तीन दिन बांद्रा से चलकर गोरखपुर आकर रुक जाती है उसे सप्ताह में कम से कम दो दिन गोरखपुर-थावे-सीवान तक चला दिया जाए तो इस रूट के सैकड़ों यात्रियों को इसका लाभ प्राप्त हो सकता है। पूर्व विधायक मदन गोविन्द राव ने संसदीय समिति के समक्ष बताया कि ट्रेन संख्या-01486 बरौनी-ग्वालियर एवं ट्रेन संख्या-05203 बरौनी-लखनऊ-देवरिया रूट से लगभग दो घण्टे के अन्तराल पर चलती है यदि इनमें से एक गाड़ी को सप्ताह में तीन दिन बरौनी-छपरा-थावें गोरखपुर रूट से चलाया जाय तो बिना अतिरिक्त गाड़ी बढ़ाये गोरखपुर-थावें रूट के यात्रियों को अतिरिक्त ट्रेन की सुविधा उपलब्ध करायी जा सकती हैं। रेलवे की स्टैंडिग कमेटी के चेयरमैन राधामोहन सिंह एवं समिति के अन्य सदस्यों ने ज्ञापन में संबंधित विषयों को गंभीरता से लेते हुए पूर्व विधायक को आश्वस्त करते हुए कहा कि ज्ञापन की एक एक बिंदु संसद मे पेश होगी तथा संसदीय समिति कुशीनगर जनपद की यात्री सुविधाओं में बढ़ोतरी के लिए रेलवे बोर्ड के अधिकारियों को निर्देशित करेगी।,जल्द ही जनपद के यात्रियों को सुविधाओं में बढ़ोतरी महसूस होगी।

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